Kabir AmritwaniKabir Ke Dohe

Kabir Amritwani

कबीर दोहा #1219

मृत्यु · Mortality

माया तरुवर त्रिविधका, शोक दुख संताप। शीतलता सुपनै नहीं, फल फीका तन ताप।।