Kabir Amritwani
Kabir Ke Dohe
आज का दोहा
प्रीमियम
लॉग इन / रजिस्टर
आज का दोहा
प्रीमियम
लॉग इन / रजिस्टर
Kabir Amritwani
कबीर दोहा #161
अहंकार · Ego
अवगुन कहूँ शराब का, आपा अहमक होय। मानुष से पशुआ भया, दाम गाँठ से खोय।।
कॉपी
शेयर
WhatsApp