Kabir Amritwani
Kabir Ke Dohe
आज का दोहा
प्रीमियम
लॉग इन / रजिस्टर
आज का दोहा
प्रीमियम
लॉग इन / रजिस्टर
Kabir Amritwani
कबीर दोहा #1733
गुरु · Guru
पार ब्रह्म बूठा मोतियां, बांधी सिषरांह। सगुरां सगुरा चुणि लिया, चूक पड़ी निगुरांह।।
कॉपी
शेयर
WhatsApp