Kabir AmritwaniKabir Ke Dohe

Kabir Amritwani

कबीर दोहा #225

सत्य · Truth

करता दीसै कीरतन, ऊँचा करि करि तुंड। जाने-बूझै कुछ नहीं, यौं ही अंधा रुंड।।